बिलासपुर के पास आज शाम एक पैसेंजर ट्रेन खड़ी मालगाड़ी से टकराई-कम से कम
10 की मौत हो गई है।
वहीं, लगभग 30 से ज्यादा इस दुर्घटना में घायल ।
छत्तीसगढ़ बिलासपुर के पास आज शाम हुए एक ट्रेन हादसे में कम से कम 10 की मौत हो गई है। वहीं, लगभग 30 से ज्यादा इस दुर्घटना में घायल हुए हैं। यह हादसा तब हुआ, जब गेवरा रोड से बिलासपुर की ओर आ रही एक मेमू ट्रेन आउटर सिग्नल पर लालखदान के पास खड़ी मालगाड़ी से जा टकराई। इस मेमू ट्रेन का नंबर – 68733 बताया जा रहा है। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि लोकल ट्रेन के आगे के डिब्बे बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे, जीआरपी, जिला प्रशासन और पुलिस के अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया। बिलासपुर कलेक्टर संजय अग्रवाल ने मीडिया से चर्चा करते हुए बताया कि,
मौके से अब तक पांच लोगों के शव बरामद किए गए हैं। घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया है। अधिकारियों के अनुसार दो लोग अभी भी क्षतिग्रस्त डिब्बे में फंसे हुए हैं, जिनको निकालने के प्रयास किए जा रहे हैं। इस घटना में हताहतों और घायलों की संख्या बढ़ने की आशंका है। रेलवे ने यात्रियों और उनके परिजनों की सुविधा के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं।
बिलासपुर के लिए हेल्पलाइन नंबर है – 7777857335
चांपा के लिए हेल्पलाइन नंबर है: 8085956528
रायगढ़ के लिए हेल्पलाइन नंबर है: 9752485600
पेण्ड्रा रोड के लिए हेल्पलाइन नंबर है: 8294730162
कोरबा के लिए हेल्पलाइन नंबर है: 7869953330
यात्री और उनके परिजन इन नंबरों पर संपर्क कर आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। इस दुर्घटना के कारण सात ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हुआ है। रेलवे ने रायपुर और दुर्ग रेलवे स्टेशन पर हेल्प डेस्क स्थापित की है। इस बीच, रेलवे ने इस दुर्घटना में प्रभावित व्यक्तियों के लिए अनुग्रह राशि की घोषणा की है।
रेलवे द्वारा मृतकों के परिजनों को दस-दस लाख रूपये, गंभीर रूप से घायल यात्रियों को पांच लाख रूपये और सामान्य रूप से घायल यात्रियों को एक-एक लाख रूपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी। रेलवे ने इस घटना की विस्तृत जांच रेलवे सुरक्षा आयुक्त से कराने का निर्णय लिया है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस दुर्घटना पर गहरा शोक व्यक्त करने के साथ ही दुर्घटना में जान गवाने वाले व्यक्तियों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने बिलासपुर कलेक्टर से फोन पर बात कर प्रभावितों को तत्काल चिकित्सा मुहैया कराने के निर्देश दिए।

























