
कोरबा में रविन्द्र कुमार बंजारे पर कार्रवाई, चारों अवसरों में नहीं हुए सफल; पांचवें मौके का नियम में प्रावधान नहीं
कोरबा विभागीय परीक्षा में लगातार चार बार असफल रहने पर अनुकंपा नियुक्ति से पटवारी के पद पर पदस्थ रविन्द्र कुमार बंजारे की सेवा समाप्त कर दी गई है। कलेक्टर कार्यालय की भू-अभिलेख शाखा ने शासन के निर्धारित नियमों और निर्देशों के तहत उनकी पटवारी पद पर नियुक्ति तत्काल प्रभाव से समाप्त करते हुए उन्हें सेवा से पृथक कर दिया।
कार्यालयीन आदेश के अनुसार रविन्द्र कुमार बंजारे को वर्ष 2015 में पटवारी प्रशिक्षु के पद पर अनुकंपा नियुक्ति मिली थी। इसके बाद उन्हें बिलासपुर स्थित पटवारी प्रशिक्षण केंद्र में प्रशिक्षण के लिए भेजा गया। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद आयोजित विभागीय परीक्षा में उन्हें निर्धारित चार अवसर दिए गए, लेकिन वे किसी भी अवसर में परीक्षा उत्तीर्ण नहीं कर सके।
पांचवें अवसर का प्रावधान नहीं: राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा 28 अगस्त 2015 को जारी निर्देशों में विभागीय परीक्षा के चार अवसरों में असफल होने पर नियुक्ति समाप्त किए जाने का प्रावधान बताया गया है। वहीं आयुक्त भू-अभिलेख, छत्तीसगढ़, नवा रायपुर के 13 फरवरी 2026 के पत्र में भी स्पष्ट किया गया कि भू-अभिलेख नियमावली के तहत असफल प्रशिक्षणार्थी को विभागीय परीक्षा में शामिल होने के लिए पांचवां अवसर देने का प्रावधान नहीं है।
सेवा समाप्त करने से पहले कार्यालय ने 13 अगस्त 2026 को बंजारे को अंतिम सूचना पत्र जारी किया था। उन्हें 20 अगस्त तक विभागीय परीक्षा उत्तीर्ण करने से संबंधित आदेश, राजपत्र, अंकसूची या प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करने का अवसर दिया गया था। हालांकि निर्धारित समय सीमा तक उन्होंने परीक्षा पास करने का कोई दस्तावेज कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया।
इसके बाद शासन के नियमों और निर्देशों के अनुपालन में कलेक्टर कोरबा ने 24 अगस्त 2026 को आदेश जारी कर उनकी पटवारी पद पर नियुक्ति समाप्त कर दी। रविन्द्र कुमार बंजारे हल्का नंबर-1, सपलवा, तहसील पाली में पटवारी के पद पर पदस्थ थे।



















