
स्कूली बच्चों की सुरक्षा के लिए विशेष जांच अभियान
रायपुर स्कूली विद्यार्थियों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के उद्देश्य से यातायात पुलिस ने विशेष मैकेनिकल जांच एवं स्वास्थ्य परीक्षण शिविर आयोजित किया। इस दौरान शहर के 38 स्कूलों की 360 बसों का निरीक्षण किया गया। जांच में सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाली 22 बसों के खिलाफ मोटरयान अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए 53 हजार रुपये का चालान किया गया।
16 सुरक्षा मानकों पर हुई जांच
विशेषज्ञ इंजीनियरों और मैकेनिकों की टीम ने स्कूल बसों की तकनीकी जांच की। निरीक्षण के दौरान फायर एक्सटिंग्विशर, फर्स्ट एड बॉक्स, जीपीएस, सीसीटीवी कैमरा, स्पीड गवर्नर, सीट बेल्ट, फिटनेस, परमिट, बीमा, चालक का अनुभव, हेल्पर की उपलब्धता समेत कुल 16 सुरक्षा मानकों की जांच की गई। जिन बसों में खामियां मिलीं, उनके स्कूल प्रबंधन को जल्द सुधार करने के निर्देश दिए गए।
चालकों को मिला अग्नि सुरक्षा प्रशिक्षण
अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने स्कूल बस चालकों को आग लगने की स्थिति में बचाव और फायर एक्सटिंग्विशर के सही उपयोग का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। साथ ही आपातकालीन परिस्थितियों में बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालने के तरीके भी बताए गए।
चालकों का स्वास्थ्य और नेत्र परीक्षण
शिविर में बस चालकों और परिचालकों का स्वास्थ्य एवं आंखों की जांच भी की गई। परीक्षण के दौरान 48 चालक-परिचालकों में उच्च रक्तचाप और मधुमेह की समस्या पाई गई, जबकि 22 चालकों में दूर दृष्टिदोष मिला। सभी को आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श और उपचार कराने की सलाह दी गई।
पुलिस ने सुरक्षा को बताया सर्वोच्च प्राथमिकता
यातायात पुलिस ने कहा कि स्कूली बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि स्कूल वाहनों की जांच और जागरूकता अभियान आगे भी नियमित रूप से जारी रहेंगे, ताकि विद्यार्थियों की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित की जा सके।



















