

” हिन्दी भाषा हमारी संस्कृति और एकता की भाषा है ”
हिन्दी दिवस के मौके पर राजधानी के प्रगति कॉलेज, रायपुर में हिन्दी की दशा एवं दिशा पर विचार मथन कार्यक्रम आयोजन किया गया। इस मौके पर मुख्य अतिथि एवं वक्ता के रूप में डॉ. राजेश दुबे, प्राचार्य (सेवानिवृत), उपस्थित हुए। सर्वप्रथम सरस्वती पूजा एवं दीप प्रज्वल्लन कर इस कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इसके पश्चात् महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. सौम्या नैयर न हिन्दी भाषा के महत्व को समझाते हुए उन्होंने हिन्दी भाषा को हमारी संस्कृति, मातृभाषा व मां कहकर संबोधित किया।
इसक पश्चात् मुख्य अतिथि डॉ. राजेश दुबे ने अपने विचार व्यक्त किए, उन्होंने हिन्दी के इतिहास स्वरूप को समझात हुए 1850 के बाद के विकास को बताया। हिन्दी भाषा को उपभाषाओं का मिश्रण कहा। भाषा के विविध रूपों का आपने कहां कि अग्रेजी अगर ज्वालामुखी के लावा की तरह, सबको तबाह कर सकती है, तो हिन्दी वहां कमदिनी है जो स्वय ही प्रसार पा लेती है।
कार्यकम के अगले चरण में विद्यार्थियों में पुस्तकों के महत्व एवं उनके प्रति जुडाव उत्पन करने हेतु पुस्तकालय समिति द्वारा पुस्तक मेले का आयोजन किया गया। साथ ही इस अवसर पर श्लोगन लेखन प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया, जिसमें प्रथम स्थान राजेश्वरी टोप्पों बीएड द्वितीय वर्ष एवं द्वितीय स्थान शिखा साहू बीएएमसो द्वितीय वर्ष और ततीय स्थान रेशमी वर्मा बीएड द्वितीय वर्ष। इसमें निणार्यक के रूप में श्रोमति निरूपमा गौराहा, सुश्री अनीता साहू रह।
कार्यक्रम के अंत में डॉ. राजेश दुबे, जी ने विद्यार्थियों के सवालों का जवाब भी दिया। कार्यकम का संचालन पत्रकारिता विभाग क विभागाध्यक्ष डॉ. प्रवीण कुमार यादव ने किया। कार्यकम का धन्यवाद ज्ञापन शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. के.एन. गजपाल. द्वारा किया गया।
इस कार्यक्रम में प्रगति महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. सौम्या नैयर, शिक्षा एवं पत्रकारिता विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. के. एन. गजपाल, डॉ. प्रवीण कुमार यादव, एवं प्रशासिका कु. ज्योति ठाकुर, शिक्षा एवं पत्रकारिता विभाग के समस्त प्राध्यापकगण और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

























