गुरु तेग़ बहादुर की 350वीं शहादत शताब्दी यात्रा में दिव्य अस्त्रों की आरती
कवर्धा । सिखों के नवमे गुरु, गुरु तेग़ बहादुर जी की 350वीं शहादत शताब्दी के अवसर पर असम से प्रारंभ हुई ऐतिहासिक यात्रा का बुधवार को कवर्धा में भव्य स्वागत किया गया। यह पावन यात्रा पूरे भारत के अनेक राज्यों से होकर अंततः अनंतपुर साहिब में संपन्न होगी।

कवर्धा पहुँचने पर स्थानीय सिग्नल चौक पर दिव्य अस्त्रों की भव्य आरती की गई। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा के नेतृत्व में गुरु ग्रंथ साहब एवं दिव्य अस्त्रों का विधिवत आरती कर स्वागत किया गया। यात्रा के कवर्धा आगमन पर स्थानीय सिख समाज के साथ-साथ श्रद्धालु, नागरिक एवं भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
यात्रा की झांकी में हिन्द के चादर कहे जाने वाले गुरु तेग़ बहादुर के दिव्य शस्त्र, गुरु अर्जन देव एवं गुरु गोविंद सिंह के दिव्य शस्त्र विशेष दर्शन हेतु रखे गए थे। पंच प्यारे की अगुवाई में गुरु ग्रंथ साहब भी पावन स्वरूप में विराजित रहे, जिनका श्रद्धालुओं ने नतमस्तक होकर वंदन किया।
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री शर्मा ने कहा गुरु तेग़ बहादुर ने अपनी शहादत से पूरे हिन्दुस्तान को धार्मिक स्वतंत्रता और मानवीय मूल्यों की रक्षा का संदेश दिया। उनका त्याग और बलिदान हमें सदैव प्रेरित करता रहेगा। कवर्धा में इस यात्रा का आगमन हमारे लिए सौभाग्य की बात है। गुरु ग्रंथ साहब जी एवं दिव्य अस्त्रों का दर्शन और आरती करना अविस्मरणीय क्षण है।”
कार्यक्रम में पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष रामकुमार भट्ट, नगर पालिका अध्यक्ष चन्द्रप्रकाश चंद्रवंशी, प्रदेश कार्य समिति सदस्य गोपाल साहू, मंडल अध्यक्ष श्रीमती सतविदर पाहुजा, भाजपा कार्यकर्ता, पार्षदगण एवं श्रद्धालु सम्मिलित हुए।





















