
लखनऊ अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के चढ़ावे में कथित अनियमितता और हेरफेर के मामले की जांच कर रही विशेष जांच टीम (SIT) ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सरकार को सौंप दी है। यह रिपोर्ट अपर मुख्य सचिव (गृह) संजय प्रसाद को सौंपी गई है। हालांकि मामले की जांच अभी जारी है और अंतिम रिपोर्ट बाद में प्रस्तुत की जाएगी।
मुख्यमंत्री Yogi Adityanath के निर्देश और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की मांग पर इस पूरे मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया था।
लखनऊ मंडल के आयुक्त विजय विश्वास पंत की अध्यक्षता में गठित जांच दल ने अयोध्या में छह दिनों तक गहन पड़ताल की। इस दौरान टीम ने मंदिर प्रशासन, सुरक्षा कर्मियों, ट्रस्ट से जुड़े लोगों और अन्य संबंधित व्यक्तियों समेत 50 से अधिक लोगों से पूछताछ की।
जांच के दौरान चढ़ावे की गणना, रखरखाव, सुरक्षा व्यवस्था और कथित गड़बड़ियों से जुड़े विभिन्न पहलुओं की विस्तार से जांच की गई। अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में जुटाए गए तथ्य और निष्कर्ष रिपोर्ट में शामिल कर शासन को सौंप दिए गए हैं।
एसआईटी प्रमुख ने स्पष्ट किया है कि जांच अभी पूर्ण नहीं हुई है और कई बिंदुओं पर पड़ताल जारी है। सभी पहलुओं की विस्तृत समीक्षा के बाद अंतिम रिपोर्ट शासन को सौंपी जाएगी।
गौरतलब है कि मंदिर में चढ़ावे की राशि में कथित गड़बड़ी और गबन के आरोप सामने आने के बाद मामला सुर्खियों में आया था। करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े इस संवेदनशील मामले को देखते हुए राज्य सरकार ने निष्पक्ष जांच के लिए विशेष टीम गठित की थी।



















