
रायपुर रायपुर पुलिस ने हत्या के मामले में पिछले पांच वर्षों से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। आरोपी कोविड-19 महामारी के दौरान पैरोल पर जेल से रिहा हुआ था, लेकिन पैरोल अवधि समाप्त होने के बाद वापस जेल नहीं लौटा और लगातार फरार रहा। पुलिस ने उसे बसना क्षेत्र से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
हत्या समेत कई गंभीर धाराओं में दर्ज है मामला
पुलिस के अनुसार, थाना सरस्वती नगर में दर्ज अपराध क्रमांक 220/2012 के तहत धारा 302, 307, 506, 34, 147 और 148 भारतीय दंड संहिता के मामले में आरोपी सोहेल उर्फ जिमी (38), निवासी कोटा, रायपुर, न्यायिक अभिरक्षा के दौरान अंबिकापुर केंद्रीय जेल में बंद था।
कोविड के दौरान पैरोल पर रिहा हुआ, फिर हो गया फरार
वर्ष 2021 में कोविड-19 महामारी के दौरान शासन के निर्देशानुसार आरोपी को अस्थायी रूप से पैरोल पर रिहा किया गया था। हालांकि पैरोल अवधि समाप्त होने के बाद उसने जेल में आत्मसमर्पण नहीं किया और गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अपने ठिकाने बदलता रहा। उसकी तलाश में पुलिस लगातार मुखबिर तंत्र और अन्य माध्यमों से जानकारी जुटा रही थी।
मुखबिर की सूचना पर बसना से दबोचा गया
9 जुलाई 2026 को सरस्वती नगर पुलिस को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी बसना क्षेत्र में मौजूद है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने घेराबंदी कर सोहेल उर्फ जिमी को गिरफ्तार कर लिया। आवश्यक वैधानिक कार्रवाई के बाद उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
पुलिस टीम की अहम भूमिका
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी सरस्वती नगर निरीक्षक अजीत सिंह राजपूत, प्रधान आरक्षक संजय सिंह, आरक्षक सुरजीत सिंह सेंगर और आरक्षक रामकुमार वर्मा की विशेष भूमिका रही। रायपुर पुलिस ने फरार आरोपियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रखने की बात कही है।















