
खर्चों पर सरकार की सख्ती: विदेश यात्राओं पर रोक, वाहन पूलिंग और ई-ऑफिस को बढ़ावा
रायपुर, 16 मई 2026 – छत्तीसगढ़ सरकार ने शासकीय खर्चों में कटौती और वित्तीय अनुशासन लागू करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। वित्त विभाग ने सभी विभागों, संभागीय आयुक्तों, कलेक्टरों और विभागाध्यक्षों के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिनका उद्देश्य सरकारी संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग और अनावश्यक खर्चों पर नियंत्रण सुनिश्चित करना है।
वित्त विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव द्वारा जारी ये निर्देश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिए गए हैं और फिलहाल 30 सितंबर 2026 तक प्रभावी रहेंगे।
नई गाइडलाइन के अनुसार मुख्यमंत्री, मंत्रिपरिषद, निगम-मंडल और आयोगों के पदाधिकारियों को अपने काफिले में केवल आवश्यक वाहनों का ही उपयोग करना होगा। इसके अलावा सरकारी वाहनों को चरणबद्ध तरीके से इलेक्ट्रिक वाहनों में बदलने की योजना पर भी जोर दिया गया है।
सरकार ने पेट्रोल-डीजल खर्च कम करने के लिए वाहन पूलिंग व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए हैं, ताकि एक ही दिशा में जाने वाले अधिकारी साझा वाहन का उपयोग करें।
निर्देशों में यह भी स्पष्ट किया गया है कि विशेष परिस्थितियों को छोड़कर सरकारी खर्च पर अधिकारियों और कर्मचारियों की विदेश यात्राओं पर रोक रहेगी। यदि किसी यात्रा की आवश्यकता होती है, तो उसके लिए मुख्यमंत्री की पूर्व अनुमति अनिवार्य होगी।
बैठकों और प्रशासनिक कार्यों में डिजिटल व्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए वर्चुअल मीटिंग्स और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के उपयोग पर जोर दिया गया है। साथ ही शासकीय भवनों में बिजली और ऊर्जा की बर्बादी रोकने के लिए विशेष उपाय करने को कहा गया है।
राज्य सरकार ने ई-ऑफिस और डिजिटल कार्यप्रणाली को तेजी से लागू करने का निर्णय लिया है। प्रशिक्षण कार्यक्रमों के लिए “कर्मयोगी पोर्टल” के उपयोग को भी अनिवार्य रूप से बढ़ावा दिया जाएगा और विभागों को अपने प्रशिक्षण मॉड्यूल इस पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं।
सरकार का मानना है कि इन कदमों से सरकारी खर्चों में कमी आएगी, ऊर्जा संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा और प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता तथा दक्षता बढ़ेगी।


















