
पटना बिहार की राजनीति में बड़े बदलाव के बीच Vijay Kumar Chaudhary को राज्य का नया उपमुख्यमंत्री बनाया गया है। उनके साथ Bijendra Prasad Yadav ने भी उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली है।
सत्ता का नया समीकरण
मुख्यमंत्री Samrat Choudhary के नेतृत्व में बनी नई सरकार में जदयू ने अपने अनुभवी नेताओं को आगे कर संतुलन बनाए रखने की कोशिश की है।
क्यों अहम है यह फैसला
विजय चौधरी को उपमुख्यमंत्री बनाना सिर्फ पद का बंटवारा नहीं, बल्कि एक रणनीतिक कदम माना जा रहा है। वे लंबे समय से Nitish Kumar के करीबी और भरोसेमंद सहयोगी रहे हैं।
सादगी और अनुभव की पहचान
- सादगीपूर्ण छवि
- मजबूत संसदीय ज्ञान
- विवादों से दूर रहने की शैली
इन्हीं गुणों ने उन्हें बिहार की राजनीति में एक अलग पहचान दिलाई है।
राजनीतिक सफर
- जन्म: 8 जनवरी 1957, समस्तीपुर
- शिक्षा: पटना विश्वविद्यालय से इतिहास में एमए
- शुरुआत: भारतीय स्टेट बैंक में नौकरी
- 1982: पहली बार विधायक बने
- 2005: जदयू में शामिल हुए
उन्होंने शिक्षा, वित्त, ग्रामीण विकास समेत कई महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी संभाली है और विधानसभा अध्यक्ष भी रह चुके हैं।
विजय चौधरी की नियुक्ति से साफ है कि नई सरकार अनुभव और संतुलन के साथ आगे बढ़ने की रणनीति पर काम कर रही है।


















