
महासमुंद। छत्तीसगढ़ में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत महासमुंद पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और कोमाखान थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में 47.300 किलोग्राम अवैध गांजा जब्त किया गया है, जिसकी अनुमानित कीमत 23.65 लाख रुपये बताई जा रही है।
वाहनों में छिपाकर लाई जा रही थी खेप
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल ट्रक, कार, मोबाइल फोन और नगदी समेत कुल 59.51 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की है। गांजे को ट्रक की चालक सीट के नीचे बनाए गए विशेष चेंबर और प्लास्टिक बोरियों में छिपाकर ले जाया जा रहा था।
3 आरोपी गिरफ्तार, नाबालिग भी शामिल
इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनकी पहचान
- मोहम्मद मिराज (बलांगीर, ओडिशा)
- रोहित पोंड (बलांगीर, ओडिशा)
- दीपक साहू (मुंगेली, छत्तीसगढ़)
के रूप में हुई है। वहीं दो नाबालिगों के खिलाफ भी विधिसम्मत कार्रवाई की जा रही है।
ओडिशा से छत्तीसगढ़ तक फैला नेटवर्क
पुलिस जांच में सामने आया कि गांजे की यह खेप ओडिशा के कालाहांडी क्षेत्र से लाई गई थी, जिसे मुंगेली जिले में खपाने की योजना थी। इस नेटवर्क के तार बलांगीर क्षेत्र से भी जुड़े पाए गए हैं। एक अन्य आरोपी की पहचान भी हुई है, जिसे यह खेप सौंपी जानी थी।
लगातार सख्त कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, पिछले तीन महीनों में जिले में 74 मामलों में 5685 किलो से अधिक गांजा जब्त किया गया है और 192 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
आगे की जांच जारी
पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की सप्लाई चेन, स्रोत और वित्तीय लेन-देन की गहराई से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों पर भी कार्रवाई की जाएगी।

















